फ्रांस ने विदेशी निवेश पर सुरक्षा के लिए कड़े किए नियम
फ्रांस ने गैर-यूरोपीय विदेशी निवेश पर निगरानी बढ़ाने का फैसला किया है, जिससे राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत किया जा सके।
मुख्य बिंदु
AIफ्रांस के प्रधानमंत्री सेबास्टियन लोकोर्नू ने रविवार को एक आदेश जारी किया, जिसके तहत फ्रांसीसी कंपनियों में गैर-यूरोपीय विदेशी निवेश पर निगरानी कड़ी कर दी गई है। यह कदम राष्ट्रीय सुरक्षा की रक्षा को मजबूत करने के लिए उठाया गया है।
आदेश के अनुसार, अब यूरोपीय संघ के बाहर के किसी भी निवेशक द्वारा किसी संवेदनशील क्षेत्र में काम करने वाली फ्रांसीसी सूचीबद्ध कंपनी के 10% या उससे अधिक शेयर खरीदने के लिए सरकार की पूर्व स्वीकृति जरूरी होगी, चाहे कंपनी फ्रांस में सूचीबद्ध हो या विदेश में।
इस फैसले के तहत सरकारी जांच की न्यूनतम सीमा 25% वोटिंग राइट्स से घटाकर 10% शेयर कर दी गई है। इसका उद्देश्य उन "अवसरवादी अधिग्रहणों" को रोकना है, जो यूरोपीय संघ के बाहर सूचीबद्ध फ्रांसीसी कंपनियों को निशाना बना सकते हैं और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा बन सकते हैं।
आदेश में स्पष्ट किया गया है कि ये नए उपाय बढ़ते भू-राजनीतिक तनावों के बीच लागू किए जा रहे हैं और इनका मकसद फ्रांस की सुरक्षा से जुड़ी कंपनियों और रणनीतिक तकनीकों की रक्षा करना है।
कंपनियों की फंडिंग जुटाने की क्षमता बाधित न हो, इसके लिए वित्त मंत्रालय को आवेदन मिलने के 10 दिनों के भीतर यह तय करना होगा कि किसी सौदे की गहन समीक्षा जरूरी है या नहीं।
नई नियमावली इसी महीने के अंत तक लागू हो जाएगी।
