अरामको तेल निर्यात की लचीलापन बढ़ाने के लिए नए मार्गों पर विचार कर रही
अरामको प्रमुख ने कंपनी की तेज़ रिकवरी क्षमता बताई, नए निर्यात मार्ग और विदेशों में भंडारण बढ़ाने की योजना पर चर्चा की।
मुख्य बिंदु
AIअरामको के प्रमुख अमीन नासिर ने कहा है कि कंपनी परिचालन में आने वाली बाधाओं से निपटने और कुछ ही दिनों में कामकाज बहाल करने में सक्षम है। उन्होंने याद दिलाया कि 2019 के हमलों के बाद कंपनी ने 11 दिनों में अपनी पूरी क्षमता बहाल कर ली थी।
नासिर ने "निक्केई एशिया" को दिए बयान में बताया कि फिलहाल अरामको के पास कच्चे तेल के निर्यात के लिए तीन मुख्य मार्ग हैं—हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य, रेड सी मार्ग और मिस्र के जरिए सुमैद पाइपलाइन। उन्होंने कहा कि कंपनी आपूर्ति की लचीलापन बढ़ाने के लिए चौथे और पांचवें मार्ग की संभावना पर विचार कर रही है।
नासिर ने यह भी जोड़ा कि पूर्व-पश्चिम पाइपलाइन सिर्फ एक लाइन नहीं, बल्कि कई लाइनों का समूह है, जिससे इसे पूरी तरह बाधित करना मुश्किल है और इससे कंपनी को निर्यात में अधिक लचीलापन मिलता है।
उन्होंने यह भी बताया कि अरामको सऊदी अरब के बाहर, खासकर जापान में, अपने भंडारण क्षमता बढ़ाने पर विचार कर रही है ताकि अल्पकालिक बाधाओं की स्थिति में जापान, कोरिया, चीन और अन्य बाजारों में ग्राहकों को आपूर्ति जारी रखी जा सके, भले ही उत्पादन में गिरावट आए।
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बाजार में उतार-चढ़ाव से अरामको का निपटना
इसी संदर्भ में नासिर ने स्पष्ट किया कि अनुबंध से बाहर अतिरिक्त मात्रा तब तक बाजार में नहीं आएगी, जब तक हालात नहीं सुधरते। उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी के भंडार से निकासी और चीन के आयात में गिरावट ने तेल बाजार में असली अस्थिरता को छुपा दिया है।
