जर्मनी में गायों के बीच नए वायरस का पता, फैलाव की आशंका
दक्षिण जर्मनी की डेयरी फार्मों में नए वायरस की पुष्टि हुई है, जिससे इसके फैलने को लेकर चिंता बढ़ गई है।
मुख्य बिंदु
AIदक्षिण जर्मनी के गायों के झुंडों में एक नया वायरस पाया गया है, जिससे इसके फैलाव को लेकर चिंता जताई जा रही है क्योंकि इसे फैलाने वाले कीट अभी भी सक्रिय हैं।
जर्मनी के पशु स्वास्थ्य अनुसंधान संस्थान फ्रीडरिख लोएफलर के अनुसार, यह वायरस बुखार, दस्त और दूध उत्पादन में गिरावट जैसे लक्षण पैदा करता है और खून चूसने वाले छोटे कीटों के जरिए फैलता है। मौजूदा आंकड़ों के मुताबिक, दक्षिण बाडेन क्षेत्र की लगभग 100 फार्में प्रभावित हुई हैं, हालांकि अब तक किसी भी पशु की मौत दर्ज नहीं की गई है। संबंधित अधिकारियों ने बताया कि बीमारी का असर आमतौर पर हल्का रहता है और संक्रमित जानवर कुछ ही दिनों में ठीक हो जाते हैं।
प्रयोगशाला जांच में सामने आया है कि यह वायरस ऑर्थोबुनिया समूह से संबंधित है, जो मुख्य रूप से अफ्रीका, एशिया और ऑस्ट्रेलिया में पाया जाता है। यह 2011 में जर्मनी में सामने आए श्मालनबर्ग वायरस के क़रीब है, जिसने उस समय मवेशियों, खासकर भेड़ों को भारी नुकसान पहुँचाया था।
संस्थान ने स्पष्ट किया है कि संक्रमण मुख्य रूप से गाय, भेड़ और बकरी जैसे जुगाली करने वाले जानवरों को प्रभावित करता है। अब तक कोई प्रमाण नहीं मिला है कि यह वायरस इंसानों के लिए बड़ा खतरा है, लेकिन इसके प्रसार और स्वास्थ्य प्रभावों का आकलन करने के लिए अध्ययन जारी हैं।
संस्थान ने यह भी बताया कि सबसे बड़ा खतरा गर्भवती जानवरों के भ्रूण को है, क्योंकि
