नासर के खिलाड़ियों की जुझारू क्षमता की बोस्तेकोग्लू ने सराहना की
नासर के कोच एंजी बोस्तेकोग्लू ने छह दिन में तीन मैच खेलने के बावजूद खिलाड़ियों के प्रदर्शन की तारीफ की, वहीं रियाद के कोच ने फोकस पर ज़ोर दिया।
मुख्य बिंदु
AIऑस्ट्रेलियाई कोच एंजी बोस्तेकोग्लू, जो नासर टीम के मुख्य कोच हैं, ने कहा कि छह दिनों में तीन मैच खेलना उनकी टीम के खिलाड़ियों के लिए बड़ा चुनौतीपूर्ण था। उन्होंने खिलाड़ियों के प्रदर्शन और थकान के बावजूद रियाद पर जीत दर्ज करने की उनकी क्षमता की सराहना की।
बोस्तेकोग्लू ने मैच के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि खिलाड़ी पिछली मुकाबलों की तुलना में अपनी सामान्य शारीरिक स्थिति में नहीं थे, फिर भी उन्होंने खेल की गुणवत्ता के लिहाज से संतोषजनक स्तर दिखाया। उन्होंने टीम के प्रदर्शन पर खुशी जताई।
स्थानीय और महाद्वीपीय टूर्नामेंट में अंतर
बोस्तेकोग्लू ने स्थानीय और महाद्वीपीय प्रतियोगिताओं के बीच अंतर पर भी बात की। उन्होंने बताया कि एशियाई टूर्नामेंट लीग मैचों के बाद आता है, जिससे खिलाड़ियों को बेहतर तैयारी का मौका मिलता है। उन्होंने यह भी कहा कि सीजन की शुरुआत और मध्य में मैच खेलने में फर्क होता है।
रियाद के कोच: फोकस में कमी रही कमजोरी
वहीं, रियाद टीम के ब्राज़ीली कोच मौरिसियो डोलाक ने पहले हाफ में अपनी टीम के प्रदर्शन में गिरावट का कारण खिलाड़ियों की अपेक्षित स्तर पर न दिखने को बताया। उन्होंने कहा कि दूसरे हाफ में प्रदर्शन बेहतर हुआ और टीम की असली पहचान दिखी, हालांकि वे नासर की गुणवत्ता से वाकिफ थे।
डोलाक ने जोड़ा कि मुख्य समस्या रणनीति नहीं बल्कि फोकस की थी। उन्होंने बताया कि इस पहलू पर उन्होंने खिलाड़ियों से अभ्यास के दौरान चर्चा की थी।
