उच्च शिक्षा कोष के गठन समेत कैबिनेट के 11 नए फैसले
रियाद में क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में क्षेत्रीय घटनाक्रमों पर चर्चा के साथ 11 अहम फैसले लिए गए।
मुख्य बिंदु
AI
क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने आज रियाद में कैबिनेट बैठक की अध्यक्षता की।
बैठक की शुरुआत में, क्राउन प्रिंस ने सीरिया के राष्ट्रपति अहमद अल-शरअ के साथ अपनी मुलाकात की जानकारी दी, जिसमें दोनों देशों के संबंधों और सहयोग के नए आयामों पर चर्चा हुई, साथ ही क्षेत्रीय घटनाओं पर विचार-विमर्श किया गया।
कैबिनेट ने क्षेत्रीय हालात की समीक्षा के बाद यमन में राष्ट्रपति परिषद, वैध सरकार और यमनी जनता को सऊदी अरब के पूर्ण समर्थन की पुष्टि की, ताकि हौथी मिलिशिया के सैन्य उकसावे और मानवीय-आर्थिक संकटों का मुकाबला कर देश की वैधता और संस्थाओं की बहाली हो सके। साथ ही, दक्षिणी लाल सागर और बाब अल-मंदब जलडमरूमध्य में क्षेत्रीय सुरक्षा और नौवहन की सुरक्षा पर भी चिंता जताई।
कैबिनेट ने मक्का रक्षा गठबंधन की रणनीतिक समिति की आपात बैठक के नतीजों की सराहना की, जिसमें मक्का, मदीना और नागरिक प्रतिष्ठानों पर हुए हमलों के खिलाफ तीनों देशों के एकजुट रुख और सामूहिक जवाबी कार्रवाई के निर्णय को अहम बताया गया।
इसके अलावा, कैबिनेट ने किंग सलमान के वार्षिक संबोधन की सराहना की, जिसमें राज्य की स्थायी नीतियों, सऊदी विजन 2030 की उपलब्धियों, आर्थिक सुधारों और विदेश नीति की मजबूती को रेखांकित किया गया।
कैबिनेट ने शूरा काउंसिल की भूमिका की भी सराहना की, जो देश की समग्र विकास यात्रा, सरकारी एजेंसियों के साथ समन्वय और विधायी सुधारों में योगदान दे रही है। साथ ही, यह भी दोहराया गया कि नागरिकों की आकांक्षाएं और देशहित हमेशा प्राथमिकता में रहेंगे।
सूचना मंत्री सलमान अल-दोसरी ने बैठक के बाद बताया कि आगामी वित्तीय वर्ष के लिए बजट के प्रारंभिक अनुमानों से सऊदी अर्थव्यवस्था की मजबूती और वैश्विक परिस्थितियों के अनुरूप लचीलापन झलकता है। सरकार सेवाओं और विकास प्राथमिकताओं पर खर्च जारी रखेगी, साथ ही वित्तीय स्थिरता भी बनाए रखेगी।
कैबिनेट ने सऊदी अरब में आयोजित अंतरराष्ट्रीय सम्मेलनों की रिपोर्ट पर चर्चा की और किंग सलमान के संरक्षण में हुए अंतरराष्ट्रीय सामाजिक जिम्मेदारी सम्मेलन की सराहना की, जिसमें समाज और विकास से जुड़ी साझेदारियों को बढ़ावा देने वाली पहलों की शुरुआत की गई।
कैबिनेट ने 5 अक्टूबर को शिक्षक दिवस के अवसर पर सऊदी शिक्षकों के योगदान की भी सराहना की, जिन्होंने नई पीढ़ी को राष्ट्रीय मूल्यों और उत्कृष्टता के साथ तैयार किया है।
कैबिनेट ने अपने एजेंडे में शामिल विषयों की समीक्षा की, जिनमें शूरा काउंसिल द्वारा अध्ययन किए गए मुद्दे भी शामिल थे। साथ ही, राजनीतिक, सुरक्षा, आर्थिक और विकास परिषदों तथा विशेषज्ञ समिति की सिफारिशों पर विचार किया गया। बैठक में निम्नलिखित फैसले लिए गए:
पहला:
सऊदी अरब और तुर्की के बीच नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं पर समझौते को मंजूरी।
दूसरा:
ऊर्जा मंत्री को अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा मंच के साथ सहयोग के लिए समझौता ज्ञापन पर बातचीत और हस्ताक्षर का अधिकार।
तीसरा:
इस्लामी मामलों के मंत्री को घाना के साथ धार्मिक मामलों में सहयोग के लिए समझौता ज्ञापन पर बातचीत और हस्ताक्षर का अधिकार।
चौथा:
पर्यावरण, जल और कृषि मंत्री को सीरिया के साथ पर्यावरण संरक्षण में सहयोग के लिए समझौता ज्ञापन पर बातचीत और हस्ताक्षर का अधिकार।
पांचवां:
अटॉर्नी जनरल को अल्बानिया के साथ आपराधिक मामलों में सहयोग के लिए समझौता ज्ञापन पर बातचीत और हस्ताक्षर का अधिकार।
छठा:
सऊदी अरब और आर्मेनिया के बीच टेलीविजन क्षेत्र में सहयोग के लिए समझौता ज्ञापन को मंजूरी।
सातवां:
उच्च शिक्षा कोष के गठन को मंजूरी।
आठवां:
रियाद में बीमा विवाद समिति के अध्यक्ष और सदस्यों के कार्यकाल का नवीनीकरण।
नौवां:
किंग अब्दुलअज़ीज़ शुद्ध नस्ल के घोड़ों के केंद्र के पिछले वित्तीय वर्षों के खातों की स्वीकृति।
दसवां:
पूर्वी क्षेत्र विकास प्राधिकरण, सऊदी विद्युत नियामक प्राधिकरण, इमाम अब्दुलअज़ीज़ संरक्षित क्षेत्र विकास प्राधिकरण, राष्ट्रीय सामाजिक अनुसंधान केंद्र, घुड़दौड़ क्लब और मदीना इस्लामिक यूनिवर्सिटी की वार्षिक रिपोर्टों समेत कई विषयों पर आवश्यक निर्देश।
ग्यारहवां:
15वीं और 14वीं रैंक, राजदूत और मंत्री स्तर के पदों पर निम्नलिखित अधिकारियों की पदोन्नति:
- सालेह बिन मोहम्मद अल-हदीथी (रक्षा मंत्रालय, वरिष्ठ सलाहकार, 15वीं रैंक)
- मसफर बिन सईद अल-शमरानी (जनरल डायरेक्टरेट ऑफ बॉर्डर गार्ड्स, वरिष्ठ सलाहकार, 15वीं रैंक)
- इब्राहीम बिन बजीअ बिन तुवैली (गृह मंत्रालय, रणनीति सलाहकार, 14वीं रैंक)
- मोहम्मद बिन मफलह अल-दरआनी (गृह मंत्रालय, सलाहकार, 14वीं रैंक)
- रबीअ बिन ताहूस अल-मसऊद (जनरल डायरेक्टरेट ऑफ प्रिज़न्स, महानिदेशक, 14वीं रैंक)
- विदेश मंत्रालय में: डॉ. खालिद बिन मोहम्मद अल-मंजलावी (राजदूत), वलीद बिन उमर बाआसम (मंत्री स्तर), अब्दुलरहीम बिन मतर अल-उमरी (मंत्री स्तर)
