इहसान प्लेटफ़ॉर्म को स्वतंत्र गैर-लाभकारी संस्था बनाने का फैसला
शिक्षा मंत्री यूसुफ अल-बनयान ने कहा कि इहसान को स्वतंत्र गैर-लाभकारी संस्था बनाना सामाजिक निवेश की स्थिरता को बढ़ाएगा, खासकर शिक्षा क्षेत्र में।
मुख्य बिंदु
AIशिक्षा मंत्री यूसुफ अल-बनयान ने कहा है कि राष्ट्रीय चैरिटी प्लेटफ़ॉर्म 'इहसान' को एक स्वतंत्र गैर-लाभकारी संस्था में बदलना सामाजिक निवेश की स्थिरता को मजबूत करेगा। यह सेवा विकास, सुशासन और शिक्षा सहित विभिन्न क्षेत्रों में नई पहल शुरू करने के ज़रिए संभव होगा।
अल-बनयान ने 'एक्स' प्लेटफ़ॉर्म पर अपने खाते के माध्यम से स्पष्ट किया कि इस संस्थागत बदलाव से सहायता कुशलता और विश्वसनीयता के साथ ज़रूरतमंदों तक पहुँचेगी, जिससे सऊदी अरब में मानव संसाधन विकास के लक्ष्यों को बल मिलेगा।
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शिक्षा मंत्री की यह टिप्पणी उस शाही आदेश के बाद आई है जिसमें राष्ट्रीय चैरिटी प्लेटफ़ॉर्म 'इहसान' को 'इहसान चैरिटी फाउंडेशन' नामक एक स्वतंत्र गैर-लाभकारी संस्था में बदलने का निर्देश दिया गया है। यह संस्थागत बदलाव सऊदी अरब में चैरिटी कार्य को बढ़ावा देने, दान के अवसरों का विस्तार करने और गैर-लाभकारी क्षेत्र की दक्षता बढ़ाने के लिए किया गया है।
साथ ही, एक और शाही आदेश के तहत डॉ. माजिद अल-कसाबी को फाउंडेशन का अध्यक्ष और इंजीनियर अहमद अल-राजही को उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। बोर्ड की सदस्यता तीन साल के लिए होगी, जिसे आगे बढ़ाया जा सकता है।
'इहसान चैरिटी फाउंडेशन' का उद्देश्य चैरिटी कार्य को बढ़ावा देना और दाताओं को लाभार्थियों से जोड़ना है। यह विविध दान के अवसर उपलब्ध कराएगा, व्यक्तियों और कंपनियों को दान देने में सक्षम बनाएगा और सरकारी व निजी संस्थाओं के साथ समन्वय कर सऊदी अरब में गैर-लाभकारी क्षेत्र की दक्षता बढ़ाएगा।
