सऊदी अरब में बुधवार को गरज-चमक के साथ बारिश, गर्मी और तेज़ हवाएँ
राष्ट्रीय मौसम केंद्र ने बुधवार को पश्चिमी और दक्षिण-पश्चिमी पहाड़ियों में गरज-चमक के साथ बारिश, कई इलाकों में तेज़ हवाओं और तापमान में बढ़ोतरी की संभावना जताई है।
मुख्य बिंदु
AIराष्ट्रीय मौसम केंद्र ने बुधवार के लिए अपने मौसम बुलेटिन में बताया है कि सऊदी अरब के पश्चिमी और दक्षिण-पश्चिमी पहाड़ी इलाकों के कुछ हिस्सों में गरज-चमक के साथ बारिश जारी रहेगी। इन क्षेत्रों के पूर्वी हिस्सों में सतही हवाएँ चलेंगी, जिससे दृश्यता प्रभावित हो सकती है। वहीं, पूर्वी क्षेत्र और रियाद तथा मदीना के कुछ हिस्सों में मौसम गर्म से बेहद गर्म बना रहेगा।
रिपोर्ट में आगे कहा गया है कि इन इलाकों के अलावा उत्तरी सीमावर्ती क्षेत्र, अल-जौफ, तबूक, हाइल, कसीम, मक्का और नजऱान के कुछ हिस्सों में भी तेज़ हवाओं के कारण धूल और गर्द का असर बना रहेगा।
मौसम केंद्र के मुताबिक, लाल सागर के उत्तरी हिस्से में सतही हवाएँ उत्तर या उत्तर-पश्चिम दिशा से 15-35 किमी/घंटा की रफ्तार से चलेंगी। मध्य हिस्से में ये हवाएँ उत्तर-पश्चिम से पश्चिम की ओर 20-45 किमी/घंटा, जबकि दक्षिणी हिस्से में उत्तर-पश्चिम से दक्षिण-पश्चिम दिशा में 12-33 किमी/घंटा की गति से चलेंगी। लहरों की ऊँचाई उत्तरी और दक्षिणी हिस्से में आधा मीटर से डेढ़ मीटर तक, जबकि मध्य हिस्से में डेढ़ से ढाई मीटर तक रहेगी। समुद्र की स्थिति उत्तरी और दक्षिणी हिस्से में हल्की से मध्यम लहरों वाली, जबकि मध्य हिस्से में मध्यम से ऊँची लहरों वाली रहेगी।
वहीं, अरब सागर में सतही हवाएँ उत्तरी और मध्य हिस्से में दक्षिण-पूर्व से उत्तर-पूर्व दिशा में 15-30 किमी/घंटा की रफ्तार से चलेंगी, जो शाम को दक्षिण-पश्चिमी हो जाएँगी। दक्षिणी हिस्से में ये हवाएँ उत्तर-पूर्व से उत्तर-पश्चिम दिशा में 10-28 किमी/घंटा की रफ्तार से चलेंगी, जो गरज-चमक के साथ बादल बनने पर 50 किमी/घंटा तक पहुँच सकती हैं। लहरों की ऊँचाई आधा मीटर से एक मीटर तक, जबकि गरज-चमक के साथ बादल बनने पर दो मीटर से अधिक हो सकती है। समुद्र की स्थिति हल्की लहरों वाली से लेकर गरज-चमक के साथ दक्षिणी हिस्से में ऊँची लहरों वाली रहेगी।
